बल बंकौ रण बंकड़ो, सूर-सती सिर मोड़ | प्रण बंकौ प्रबली धरा, चंगों गढ़ चितौड़ ||६६|| बल में बांका,रण-बांकुरा,शूरों व सतियों का सिर-मौर,वचनों की टेक रखने वाला तथा आंटीला चितौड़ दुर्ग ही सर्व-श्रेष्ठ है | ..
सूरो गढ़ जालौर रो, सूरां रौ सिंणगार | अजै सुनीजै उण धरा, वीरम दे हूंकार ||६८|| जालौर का यह वीर दुर्ग वीरों का श्रृंगार है | उसके कण-कण में आज भी विरमदेव की हूंकार सुनाई देती है | ..